जमुई। बीते दिनों जमुई में छात्रा के साथ हुई घटना के विरोध में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (अभाविप) द्वारा बिहार सरकार एवं जमुई जिला प्रशासन के विरोध में प्रतिरोध मार्च निकाला गया। मार्च में बड़ी संख्या में अभाविप कार्यकर्ताओं एवं विद्यार्थियों ने शामिल होकर घटना के प्रति अपना आक्रोश व्यक्त किया। कार्यकर्ताओं ने छात्राओं की सुरक्षा, सम्मान एवं गरिमा सुनिश्चित करने तथा घटना में शामिल सभी आरोपियों के विरुद्ध त्वरित एवं कठोर कानूनी कार्रवाई की मांग की।
अभाविप ने कहा कि छात्रा के साथ हुई यह घटना अत्यंत गंभीर एवं निंदनीय है। परिषद ने प्रशासन से मामले की निष्पक्ष, पारदर्शी एवं समयबद्ध जांच कर प्रत्येक संलिप्त व्यक्ति की पहचान सुनिश्चित करने और किसी भी आरोपी को संरक्षण न देने की मांग की। उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर दोषियों के विरुद्ध कानून के तहत कठोर कार्रवाई तथा दोष सिद्ध होने पर कठोरतम दंड दिए जाने की मांग की गई। साथ ही, पीड़ित छात्रा एवं उसके परिवार की सुरक्षा, सम्मान एवं निजता सुनिश्चित करने तथा विद्यालयों, महाविद्यालयों एवं कोचिंग संस्थानों के आसपास छात्राओं की सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग भी की गई।
अभाविप के प्रांत मंत्री सुमित कुमार सिंह ने कहा, “जमुई में छात्रा के साथ हुई घटना अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण एवं निंदनीय है। छात्राएं जब विद्यालय, महाविद्यालय और कोचिंग के लिए घर से निकलती हैं, तो उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करना शासन और प्रशासन की जिम्मेदारी है। घटना में शामिल प्रत्येक आरोपी की पहचान कर उसके विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई होनी चाहिए। हम मांग करते हैं कि जांच निष्पक्ष एवं समयबद्ध तरीके से पूरी हो, पीड़ित परिवार को सुरक्षा एवं न्याय मिले तथा दोष सिद्ध होने पर दोषियों को कानून के तहत कठोरतम सजा दी जाए। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद छात्राओं की सुरक्षा, सम्मान और गरिमा के लिए सदैव संघर्ष करती रही है और इस मामले में भी न्याय मिलने तक अपनी आवाज मजबूती से उठाती रहेगी।”
